॥ श्रीहरि:॥

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जीवन में नया प्रकाश

डॉ. रामचरण महेंद्र

हिन्दी/संस्कृत

  • प्रथम पृष्ठ
  • जीवनमें नया प्रकाश
  • वे गिरे, गिरकर उठे, उठकर चले!
  • सब माननेकी बात है!
  • आप अमृत-संतान हैं!
  • आदमीका बड़प्पन इस प्रकार नापा जाय!
  • आशाकी जीवन-ज्योति
  • समय बीतने दीजिये, आपके दु:ख स्वयं दूर होंगे
  • मौतके मुँहसे बचा और इस प्रकार नयी जिंदगी मिली!
  • आत्महत्या करनेवाले मूर्ख
  • दुनियामें ऐसे कितने व्यक्ति हैं जिनके सारे मनोरथ पूर्ण हो पाते हैं?
  • महान् पुरुषोंकी यह विशेषता अपने स्वभावमें विकसित करें
  • एक रहस्यकी बात
  • यह जादू भी अच्छा काम करता है
  • आगे यों बढ़ें
  • अपने परिश्रमसे शिक्षित बनिये
  • व्यवहारका उपहार
  • भगवान‍्से बातचीत करनेका समय व्यर्थ बरबाद न करें
  • वातावरणका भी विचित्र प्रभाव होता है
  • जिंदगी फिर नये सिरेसे शुरू कीजिये
  • शान्ताकारं भुजगशयनम्!
  • अपनी शक्तियोंके उपयोगसे शक्तिशाली बनिये
  • हमने मौतको टाला है!
  • हृदयमें मधुर गान रखकर आनन्दित होइये
  • मनको सदा कल्याणकारी विषयोंमें लगाइये
  • बुराईके विचारोंसे मुक्त रहिये
  • अकारण निन्दा, आलोचना और घृणा मिलनेपर हम क्या करें?
  • आशीर्वचन सुख-शान्ति देनेवाले होते हैं
  • आपकी कल्पनाशक्ति साक्षात् कल्पलता है, उसका उचित प्रयोग किया करें
  • क्या करूँ, क्या न करूँ?
  • भले शब्दोंकी प्रचण्ड शक्ति
  • संसारमें दरिद्रता पाप है
  • आर्थिक मुसीबतोंसे यों बचिये
  • वायुमण्डलमें फैला हुआ गुप्त विचार-प्रवाह
  • भारतीय मूर्तियाँ और चित्र आपको प्रेरक शान्ति-संदेश देते हैं
  • शान्तभावका अभ्यास किया करें
  • एकान्तसेवनसे लाभ
  • धार्मिक कथाएँ कहने और सुननेका पुण्य
  • धर्मबुद्धिकी अवहेलनासे मानसिक क्लेश
  • इस जगत‍्में प्रभुशासन ही चलता है!
  • नाम तो एक भगवान‍्का!
  • कभी ऐसे थे हम!
  • दोनोंकी उपासना एक साथ सम्भव नहीं
  • वे सब हमें छोड़ जाते हैं, पर यह हमको नहीं छोड़ता!
  • अन्तिम पृष्ठ

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